शहर में बिना अनुमति चल रहे पशु बिक्री केंद्र होंगे बंद- मेहता

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पशु क्रूरता निवारण समिति की बैठक आयोजित
बीकानेर, 4 नवंबर। जिला कलक्टर नमित मेहता ने कहा कि शहर में अनुमति के बिना चल रहे पशु बिक्री केन्द्रों को तुरंत प्रभाव से बंद करने की कार्यवाही की जाए। जिला कलेक्टर ने बुधवार को कलेक्ट्रेट सभागार में पशु क्रूरता निवारण समिति की बैठक में यह बात कही। उन्होंने कहा कि कोई भी व्यक्ति बिना अनुमति के मंडी लगाकर गोवंश की बिक्री नहीं कर सकता। इस सम्बंध में कार्यवाही के लिए नगर विकास न्यास व नगर निगम को निर्देश देते हुए उन्होंने कहा कि पशु बिक्री केन्द्रों के सम्बंध में जानकारी लें और यदि कोई केन्द्र बिना अनुमति के संचालित है तो उसे बंद करवाने की कार्यवाही करें।
जिला कलेक्टर मेहता ने कहा कि निगम धार्मिक स्थानों के आस-पास अस्थाई चारे के ठेले हटाने की कार्रवाई करें। साथ ही नगर निगम क्षेत्र में बिना अनुमति के चल रही दूध डेयरियों को भी नगर निगम शहर से दूर स्थानांतरित करने की कार्रवाई करें।  प्लास्टिक जब्ती कार्यवाही बढ़ाने के लिए नगर निगम और नगर विकास न्यास समन्वित रूप से कार्रवाई करने करें।

गांवों से शहर की ओर ना आए निराश्रित गोवंश
मेहता ने कहा कि गांवों से निराश्रित गोवंश बाहर ना निकले इसके लिए विकास अधिकारियों कार्यवाही करना सुनिश्चित करें। ग्राम पंचायत के साथ समन्वय स्थापित किया जाए। निराश्रित गोवंश शहर की और ना जाए इसके लिए आसपास के गोचर में उनके लिए पर्याप्त चारे और पानी की व्यवस्था हो।
जिला कलेक्टर ने कहा कि राष्ट्रीय राजमार्ग पर निराश्रित पशुओं के कारण होने वाली दुर्घटनाओं पर रोक लगाने के लिए टोल नाकों को संचालित करने वाली संस्थाएं आवश्यक कार्यवाही करें। उन्होंने कहा कि राजमार्ग के दोनों तरफ फैली झाड़ियों को हटवाएं। मेहता ने कहा कि पॉलिटेक्निक बीकानेर में परिसर में संचालित गौशाला में निराश्रित घायल पशु लाने वाले व्यक्ति से सहायता राशि मांगी जाने की सूचना मिली है यह अनुचित है। उन्होंने कहा कि संबंधित संस्था को इस बारे में नोटिस देकर पाबंद किया जाए कि सहयोग राशि किसी भी व्यक्ति की स्वेच्छा से ही ली जाए, सहयोग राशि के लिए किसी को मजबूर ना किया जाएर्। ईंट भट्टा में पशु चारे को जलाए जाने के संबंध में जिला कलेक्टर ने संबंधित उपखंड और विकास अधिकारियों को कार्रवाई करने के निर्देश दिए। बैठक में अतिरिक्त जिला कलेक्टर नगर सुनीता चौधरी, संयुक्त निदेशक पशुपालन डा ओमप्रकाश किलानिया, अतिरिक्त निदेशक पशुपालन विभाग डॉ वीरेंद्र नेत्रा, जिला परिषद से यशपाल पूनिया, उप वन संरक्षक प्रतिनिध राज बिहारी मित्तल, राजूवास से डॉ प्रवीण कुमार सहित पशु क्रूरता निवारण समिति के सदस्य सूरजमाल सिंह नीमराणा , पशु कल्याण बोर्ड के सदस्य रघुनाथ सिंह शेखावत, बलदेव दास भदानी जितेंद्र बिश्नोई ने भाग लिया।

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